$20 \mathrm{~m}$ ऊँचे एक ऊर्ध्वाधर स्तम्भ पर $200 \mathrm{~g}$ द्रव्यमान की एक गेंद विश्राम अवस्था में है। क्षेतिज दिशा में चलती हुई $10 \mathrm{~g}$ द्रव्यमान की गोली गेंद के केन्द्र से टकराती है। संघट्ट के बाद दोनो स्वतंत्र रूप से चलती है। धरातल पर स्तम्भ के पैर (तली) से $30 \mathrm{~m}$ की दूरी पर गेंद एवं $120 \mathrm{~m}$ की दूरी पर गोली टकराती है। गोली के प्रारंभिक वेग का मान होगा। $\left(\mathrm{g}=10 \mathrm{~m} / \mathrm{s}^2\right):$
$120$
$60$
$400$
$360$
समय $t =0$ पर एक ऊंचाई से एक गेंद क्षैतिज दिशा में एक खास शुरुआती वेग से फेंकी जाती है। चित्र में दर्शाये अनुसार गेंद निरंतर उछलती जाती है। प्रत्यानयन गुणांक (coefficient of restitution) $1$ , से कम है। वायु प्रतिरोध को नगण्य मानते हुए एवं ऊपर की दिशा को धनात्मक मानते हुए, निम्न में से कौन सा आरेख समय $(t)$ के सापेक्ष गेंद के वेग के उधर्वघटक $\left(v_y\right)$ को निरूपित करती है?
एक एकरेखीय संघट्ट में, आरम्भिक चाल $v_{0}$ का एक कण समान द्रव्यमान के एक दूसरे रूके हुए कण से टकराता है। यदि कुल अंतिम गतिज ऊर्जा, आरम्भिक गतिज ऊर्जा से $50 \%$ ज्यादा हो तो टक्कर के बाद दोनों कणों के सापेक्ष गति का परिणाम होगा
एक न्यूट्रॉन, किसी स्थिर डयूट्रॉन के साथ प्रत्यक्ष प्रत्यास्थ संघट्ट करता है। संघट्ट में न्यूट्रॉन की भिन्नात्मक ऊर्जा हानि है
उपरोक्त प्रश्न में, यदि दूसरा पिण्ड विरामावस्था में है, तो टक्कर के पश्चात् संयुक्त निकाय का वेग होगा
$2\, kg$ द्रव्यमान की एक वस्तु $A$ एक स्थिर वस्तु $B$ से टकराती है। प्रत्यास्थ टक्कर के पश्चात $A$, अपनी प्रांरभिक चाल की एक चौथाई चाल से अपने प्रारंभिक दिशा में गति करता है। $B$ के द्रव्यमान की गणना करें। ($kg$ में)