$v$ वेग से गतिमान $m$ ग्राम की एक गोली $M$ ग्राम के लटके हुए एक लकड़ी के तख्ते से टकराती है, जिससे लकड़ी का तख्ता $h$ ऊँचाई तक उठ जाता है। तख्ते का प्रारम्भिक वेग होगा

  • A

    $\sqrt {2gh} $

  • B

    $\frac{{M + m}}{m}\sqrt {2gh} $

  • C

    $\frac{m}{{M + m}}2gh$

  • D

    $\frac{{M + m}}{M}\sqrt {2gh} $

Similar Questions

$10 \,kg$ द्रव्यमान की गेंद, $10 \sqrt{3} \,m / s$ के वेग से $x$-अक्ष के अनुदिश चलते हुए विराम में रखी $20\, kg$ की एक अन्य गेंद से संघट्ट करती है। संघट्ट के पश्चात् पहली गेंद विराम में आ जाती है तथा दूसरी गेंद दो समान टुकड़ों में टूट जाती है। एक टुकड़ा $y$-अक्ष के अनुदिश $10\, m / s$ की चाल से गति करना प्रारम्भ करता है जबकि दूसरा टुकड़ा $x$-अक्ष से $30^{\circ}$ कोण पर चलना प्रारम्भ करता है। $x$-अक्ष से $30^{\circ}$ के कोण पर गति करने वाली गेंद का वेग $x\,m / s$ है। संघट्ट के बाद टुकड़ों के विन्यास को नीचे चित्र में दिखाया गया है। यहाँ $x$ का मान निकटतम पूर्णांक में $......$ होगा।

  • [JEE MAIN 2021]

एक क्षैतिज व घर्षण रहित मेज पर रखे एक ठोस गुटके से एक गोली टकराती है एवं इसमें धँस जाती है। इसमें संरक्षित रहता है

चित्र में दिखाए गये घर्षणरहित पथ $AOC$ पर $1 \,kg$ द्रव्यमान का एक कण बिन्दु $A$ (ऊँचाई $2$ मीटर) से विरामावस्था से शुरू होकर नीचे की ओर फिसलता है। बिन्दु $C$ पर पहुँचने के बाद यह पर प्रक्षेप्य (projectile) की तरह हवा में चलते रहता है। जब यह अपने उच्चतम बिन्दु $P$ (ऊँचाई $1$ मीटर) पर पहुँचेगा, तो इसकी गतिज ऊर्जा ( $J$ में) का मान होगा: (दिखाया गया चित्र सांकेतिक है; $g$ का मान $10 \,ms ^{-2}$ लें)

  • [JEE MAIN 2020]

दो कणों के द्रव्यमान क्रमश: $m_1$ तथा $m_2$ हैं। इनके प्रारम्भिक वेग क्रमश: $u_1$ तथा $u_2$ हैं। टक्कर के पश्चात् एक कण $\epsilon$ ऊर्जा अवशोषित कर उच्चतर स्तर तक उत्तेजित हो जाता है। यदि कणों के अन्तिम वेग क्रमशः $v_1$ तथा $v_2$ हो, तो

  • [AIPMT 2015]

$125000$ पाउण्ड के एक स्थिर टैंक से $ 25$ पाउण्ड द्रव्यमान का एक छोटा गोला (Shell) $1000$ फीट/सैकण्ड के वेग से दागा जाता है। टैंक निम्न वेग से  .............. $\mathrm{ft/sec}$ पीछे हटेगा