फोटोग्राफी के डार्क रूम में प्राय: लाल रंग का प्रकाश रखा जाता है, इसका कारण है
अधिकांश फोटोग्राफिक फिल्में लाल प्रकाश के लिए संवेदनशील नहीं होती हैं
लाल प्रकाश की आवृत्ति कम होने से फोटॉन की ऊर्जा $hv$ भी कम रहती है
$(a)$ और $(b)$ दोनों
उपरोक्त कोई नहीं
प्रकाश विद्युत प्रभाव में, यदि प्रकाश की तीव्रता दुगनी कर दी जाये तो फोटो इलेक्ट्रॉन की अधिकतम गतिज ऊर्जा हो जायेगी
प्रकाश वैद्युत प्रभाव क प्रयाग म दहला आवृात्त की $1.5$ गुनी आवृत्ति का एक प्रकाश किसी प्रकाश सुग्राही पदार्थ के तल पर आपतित होता है। अब यदि आवृत्ति को आधा तथा तीव्रता को दो गुना कर दिया जाये तो उत्सर्जित प्रकाश इलेक्ट्रॉनों की संख्या होगी :
एक पदार्थ से प्रकाश वैद्युत उत्सर्जन के लिए देहली तरंग दैर्ध्य $5500 \mathring A$ है। इस पदार्थ को निम्न में से किससे आने वाले किसी एक एकवर्णी विकिरण से प्रकाशित करने पर प्रकाश इलैक्ट्रॉन उत्सर्जित होंगे?
$A.$ $75 \mathrm{~W}$ अवरक्त लैम्प
$B.$ $10 \mathrm{~W}$ अवरक्त लैम्प
$C.$ $75 \mathrm{~W}$ पराबैंगनी लैम्प
$D.$ $10 \mathrm{~W}$ पराबैंगनी लैम्प
नीचे दिये गये विकल्पों से सही उत्तर चुनिए:
यदि फोटॉन का वेग $c$ एवं आवृत्ति $v$ हो तो इसकी तरंगदैध्र्य होगी
फोटॉन एवं इलेक्ट्रॉन को समान ऊर्जा $({10^{ - 20}}J)$ दी जाती है। फोटॉन और इलेक्ट्रॉन की संगत तरंगदैध्र्य ${\lambda _{Ph}}$ एवं ${\lambda _{el}}$ हैं तब सही कथन होगा