जैसा कि चित्र में दिखाया गया है, $R=1 / \sqrt{3} \,m$ की त्रिज्या के पहिए की परिधि से एक $L=1 \,m$ लम्बें छड़ के एक शिरे को जोड़ दिया गया है। छड़ का दूसरा सिरा $P$ एक सीधी नली OP पर मुक्त रूप से सरक सक्ता है, जहाँ $O$ पहिए का केंद्र है। यदि पहिया $O$ के परितः एक नियत कोणीय वेग $\omega$ से घूम रहा है तो सरक रही छड़ के सिरे $P$ की चाल क्या होगी जब $\theta=60^{\circ}$ है?
$\frac{2 \omega}{3}$
$\frac{\omega}{3}$
$\frac{2 \omega}{\sqrt{3}}$
$\frac{\omega}{\sqrt{3}}$
$ 50 $ ग्राम द्रव्यमान एवं $ 2.5\,cm $ त्रिज्या वाली चकती की, इसके तल के लम्बवत एवं गुरुत्व केन्द्र से गुजरने वाली अक्ष के परित: घूर्णन त्रिज्या ....... $cm$ है
एक ठोस गोला, चकती तथा ठोस बेलन, नतसमतल पर विराम से नीचे लुढ़कना प्रारम्भ करते हैं, तीनों वस्तुयें समान पदार्थ तथा समान द्रव्यमान की हैं। तब
$L$ लम्बाई की एक नली को एक असंपीड्य द्रव द्रव्यमान $M$ से पूरा भर कर इसे दोनों सिरों से बन्द कर दिया गया है। इस नली को एक क्षैतिज तल में नली के एक सिरे के सापेक्ष अचर कोणीय वेग $\omega$ से घुमाया जा रहा है। द्रव द्वारा नली के दूसरे सिरे पर क्रियाकारी बल होगा
माना कि किसी कण, जिसका स्थित सदिश $ \overrightarrow {r\,} $ है, पर लगने वाला बल $ \overrightarrow F $ है, एवं मूल बिन्दु के परित: इस बल का बल आघूर्ण $ \overrightarrow T $ है तो
एक सीढ़ी एक चिकनी दीवार के सहारे लगी हुई है, तथा यह घर्षणहीन फर्श पर फिसलने के लिये स्वतंत्र है। निम्न में से कौन सा चित्र द्रव्यमान केन्द्र की गति का सही निरुपण है