धनात्मक किरणों में होते हैं
इलेक्ट्रॉन
इलेक्ट्रॉन
धनावेशित आयन
धनावेशित आयन
बेनब्रिज $(Bainbridge)$ द्रव्यमान स्पेक्ट्रोग्राफ में दो प्लेटों के बीच की दूरी $1 cm$ है तथा इसके बीच $\,1000 V$ विभवान्तर का विद्युत क्षेत्र एवं $B = 1T$ का चुम्बकीय क्षेत्र आरोपित किया जाता है। तो धनात्मक (अविचलित) आयन का वेग होगा
इलेक्ट्रॉन पर आवेश की खोज किसके द्वारा की गई
मिलिकन के प्रयोग में धातु की दो क्षैतिज प्लेटों के बीच की दूरी $2.5 \,\,cm$ तथा विभवान्तर $250$ वोल्ट आरोपित किया गया है, तो प्लेटों के मध्य विद्युत क्षेत्र .......... $V/m$ होगा
किसी इलेक्ट्रॉन गन में नियंत्रण ग्रिड को कैथोड के सापेक्ष ऋणात्मक विभव प्रदान किया गया है
जब कैथोड को गर्म किया जाता है तो प्रति सैकण्ड $1.8 \times {10^{14}}$ इलेक्ट्रॉन उत्सर्जित होते हैं। जब ऐनोड पर $ 400 \;V$ का विभवान्तर आरोपित किया जाता है तो सभी उत्सर्जित इलेक्ट्रॉन ऐनोड पर पहुँच जाते हैं, अधिकतम ऐनोड धारा का मान ............. $\mu A$ होगा (यदि इलेक्ट्रॉन पर आवेश $1.6 \times {10^{ - 19}}\;C$ हो)