जब किसी धात्विक सतह पर हरा प्रकाश आपतित होता है, तो प्रकाश इलेक्ट्रॉन उत्सर्जित होते हैं किन्तु पीले रंग के प्रकाश से उत्सर्जन नहीं होता। निम्न में से कौन से रंग के प्रकाश से उसी धात्विक सतह से इलेक्ट्रॉनों का उत्सर्जन संभव होगा
नारंगी
लाल
जामुनी
उपरोक्त में से कोई नहीं
यदि एक अपरावर्तित तल, जिसका क्षेत्रफल $30 \;cm ^{2}$ है, पर $40$ मिनट तक $2.5 \times 10^{-6} \;N$ का औसत बल, प्रकाश तरंगों द्वारा आरोपित होता है, तो तल पर गिरने से पहले, प्रकाश का ऊर्जा फ्लक्स $\dots \;W / cm ^{2}$ होगा।
(निकटतम पूर्णांक में)
(यहाँ पूर्ण अवशोषण और अभिलम्बवत आपतन की स्थितियों को माना गया है।)
एक फोटॉन का संवेग $2 \times {10^{ - 16}} $ ग्राम सेमी/सैकण्ड है तो उसकी ऊर्जा होगी
यदि मुक्त आकाश में प्रकाश का वेग $c$ है, फोटान के लिए निम्नलिखित में सही कथन है:
$A$. फोटान की ऊर्जा $E=h v$ है।
$B$. फोटान का वेग $c$ है।
$C$. फोटान का संवेग $p=\frac{h v}{c}$ है।
$D$. फोटान-इलैक्ट्रान संघट्ट में, दोनों कुल ऊर्जा व कुल संवेग संरक्षित रहते हैं।
$E$. फोटान पर धनात्मक आवेश होता है।
निम्नलिखित विकल्पों से सही उत्तर चुनिए:
एक विशिष्ट प्रयोग में प्रकाश-विध्यूत प्रभाव की अंतक वोल्टता $1.5 \,V$ है। उत्सर्जित प्रकाशिक इलेक्ट्रोंनों की उच्चतम गतिज ऊर्जा कितनी है?
प्रकाश विद्युत प्रभाव समझाया जा सकता है