एक ठोस धात्विक घन को एक समान रूप से गर्म किया जाता है, जिसका कुल पृप्ठीय क्षेत्रफल 24 $m ^2$ है। यदि इसके घन के तापमान को $10^{\circ} C$ बढ़ाया जाता है, तो इसके आयतन में वृद्धि ज्ञात करें (दिया गया है : $\alpha=5.0 \times 10^{-4}{ }^{\circ}\,C ^{-1}$ )
$2.4 \times 10^{6} cm ^{3}$
$1.2 \times 10^{5} cm ^{3}$
$6.0 \times 10^{4} cm ^{3}$
$4.8 \times 10^{5} cm ^{3}$
ठंडे प्रदेशों में जल-पाइप कभी-कभी फट जाते हैं। क्योंकि
पीतल तथा स्टील की छड़ों के रेखीय प्रसार गुणांक ${\alpha _1}$ तथा ${\alpha _2}$ हैं। यदि पीतल की छड़ की लम्बाई ${l_1}$ तथा स्टील की छड़ की लम्बाई ${l_2}$ तथा तापक्रम $0°C$ है। तब किसी ताप पर उनकी लम्बाईयों में अंतर ${l_2} - {l_1}$समान होगा यदि
$4$ मी. लम्बाई तथा $10$ सेमी $^{2}$ अनुप्रस्थ काट के क्षेत्रफल की स्टील छड़ जिसका $y =2.0 \times 10^{11}$ $Nm ^{-2}$ तथा $\alpha=10^{-5}{ }^{\circ} C ^{-1}$ है, बिना विस्तार के $0^{\circ}$ सेल्सियस से $400^{\circ}$ सेल्सियस तक गर्म करी जाती है। छड़ में उत्पन्न तनाव $x \times 10^{5} \,N$ है जहाँ $x$ का मान $........$ है।
एक क्रिस्टल का एक निश्चित दिशा में रेखीय प्रसार गुणांक ${\alpha _1}$ है। एवं इस दिशा के लम्बवत् प्रत्येक दिशा में रेखीय प्रसार गुणांक ${\alpha _2}$ है। आयतन प्रसार गुणांक का मान है
एक धात्विक टुकड़े का वायु में भार $46$ ग्राम है। जब इसे $27°C$ ताप पर $1.24$ विशिष्ट गुरुत्व वाले द्रव में डुबोया जाता है, तब इसका भार $30$ ग्राम है। जब द्रव का ताप $42°C$ तक बढ़ा दिया जाता है, तब धात्विक टुकड़े का भार $30.5$ ग्राम है, $42°C$ ताप पर द्रव का विशिष्ट गुरुत्व $1.20$ है। तब धातु का रेखीय प्रसार गुणांक है