$0°C$ पर स्थित $1\, kg$ बर्फ को $80°C$ पर स्थित $1\, kg$ जल में मिलाया जाता है। मिश्रण का अन्तिम ताप........ $^oC$ होगा
(दिया है : जल की विशिष्ट ऊष्मा $ = 4200\,J\,k{g^{ - 1}}\,{K^{ - 1}}$, बर्फ की गुप्त ऊष्मा $ = 336\,kJ\,k{g^{ - 1}})$
$40$
$60$
$0$
$50$
$10$ ग्राम बर्फ $0^{\circ} C$ पर एक बर्तन ( जल तुल्यांक $55$ ग्राम) में डाल दी गयी जिसका ताप $40^{\circ} C$ है। माना कि बाहर से कोई ऊष्मा अन्दर नहीं गयी तो बर्तन में पानी का तापमान.........$^०$ होगा $( L =80$ कैलोरी/ग्राम)
$30°C$ वाले $80\, gm$ जल को एक $0°C$ वाले बड़े बर्फ के गुटके पर डाला जाता है। बर्फ की पिघली हुई मात्रा ....... $gm$ होगी
$10.0 \,W$ का एक विद्युत ऊष्मक (heater) $0.5 \,kg$ पानी से भरे हुए बर्तन को गर्म करता है। पानी एवं बर्तन का तापमान $15$ मिनट में $3 \,K$ बढ़ जाता है । इस बर्तन को खाली कर के सुखा दिया जाता है एवं पुन: $2 \,kg$ तेल से भर दिया जाता है । अब वही विद्युत ऊष्मक तेल एवं बर्तन का तापमान $20$ मिनट में $2 \,K$ बढ़ा देता है । यह मानते हुए कि दोनों प्रक्रियाओं मे ऊर्जा का कोई क्षय नहीं होता है तो तेल कि विशिष्ट ऊष्मा ................ $\times 10^3\,JK^{-1} kg ^{-1}$ होगी ?
$M$ द्रव्यमान एवं $S$ विशिष्ट ऊष्मा वाले एक द्रव का ताप $2t$ है। एक अन्य द्रव, जिसकी ऊष्माधारिता पहले की $1.5$ गुनी एवं ताप $\frac{t}{3}$ है, पहले द्रव में मिला दिया जाता है। मिश्रण का अन्तिम ताप होगा
एक औधौगिक प्रक्रम में $10\, kg$ जल को प्रति घण्टे $20°C$ से $80°C$ तक गर्म किया जाता है। ऐसा करने के लिए $150°C$ ताप वाली भाप को एक बॉयलर से पानी मे डूबी हुई ताम्र कुण्डलियों में प्रवाहित किया जाता है। भाप कुण्डलियों मे संघनित हो जाती है एवं बॉयलर को $90°C$ जल के रूप में वापस कर दी जाती है प्रति घण्टे कितने $kg$ भाप की आवश्यकता होगी (भाप की विशिष्ट ऊष्मा $= 1 \,cal /gm°C $ एवं वाष्पन की गुप्त ऊष्मा $= 540 cal/gm)$