निर्वात में फोटॉन के वेग ओर आवृत्ति के मध्य खींचा गया वक्र
आवृत्ति अक्ष के समान्तर एक सरल रेखा होगी
वेग अक्ष के समान्तर एक सरल रेखा होगी
मूल बिन्दु से होकर जाने वाली एवं आवृत्ति अक्ष से $45°$ कोण पर स्थित एक सरल रेखा होगी
अतिपरवलय
प्रकाश विद्युतीय पदार्थ का कार्य फलन $3.3 eV$ है। इसकी देहली आवृत्ति का मान है
सोडियम धातु के पृष्ठ से उत्सर्जित सभी प्रकाशीय इलेक्ट्रॉन हैं
अंतरिक्षयान में एक दिन, पृथ्वी के दो दिनों के तुल्य है। पृथ्वी के सापेक्ष अंतरिक्षयान की चाल होगी
एक इलेक्ट्रॉन और एक फ़ोटॉन प्रत्येक का तरंगदैर्घ्य $1.00\, nm$ है।
$(a)$ इनका संवेग,
$(b)$ फोटॉन की उर्जा, और
$(c)$ इलेक्ट्रॉन की गतिज ऊर्जा ज्ञात कीजिए।
$1.5 \times {10^{13}}Hz$ आवृत्ति वाले फोटॉन का संवेग होगा