एक गीज़र $2.0\,kg$ प्रति मिनट की दर से बह रहे जल को $30^{\circ}\,C$ से $70^{\circ}\, C$ तक गर्म करता है। यदि गीज़र एक बर्नर की सहायता से कार्य करता है, तो ईंधन के जलने की दर होगी$............g min ^{-1}$ में) [दहन की उष्मा $=8 \times 10^3\,Jg ^{-1}$, जल की विशिष्ट उष्मा$\left.=4.2 Jg ^{-1}{ }^{\circ} C ^{-1}\right]$
$32$
$42$
$52$
$62$
उस दिन आपेक्षिक आद्रता ........ $\%$ होगी जबकि $12°C$ पर जल वाष्प का आंशिक दाब $0.012 \times {10^5}\,Pa$ हैं (दिये गये ताप पर वाष्प दाब = $0.016 \times {10^5}\,Pa$)
किसी धातु के दो समरूप ब्लॉक क्रमश: $27^{\circ} C$ और $80^{\circ} C$ तापमान पर रखे गए हैं। दोनों ब्लॉकों की विशिष्ट ऊष्मा तापमान के साथ बढती है। जब दोनों ब्लॉकों को एक दूसरे के संपर्क में लाया जाता है (मान लें कि परिवेश में ब्लॉकों की ऊष्मा का ह्रास नहीं होता है) तो अंतिम तापमान $\left(T_d\right.$ के संदर्भ में कौन सा कथन सही है?
$0.1 \,kg$ द्रव्यमान की धातु की एक गेंद को $500^{\circ} C$ तक गर्म करते हैं और $800 \,JK ^{-1}$ ऊष्माधारिता वाले एक पात्र, जिसमें $0.5 \,kg$ पानी है, के अन्दर डाल देते हैं। पानी तथा पात्र का आरम्भिक तापमान $30^{\circ} C$ है। पानी के तापमान में हुई प्रतिशत वृद्धि लगभग ........ $\%$ है ? (पानी तथा धातु की विशिष्ट ऊष्माधारितायें क्रमश : $4200 \,Jkg ^{-1} K ^{-1}$ तथा $400\, JKg ^{-1} K ^{-1}$ हैं]
एक $30^{\circ} C$ के द्रव को एक ऊष्मामापी (calorimeter), जिसका तापमान $110^{\circ} C$, में धीरे-धीरे डाला जाता है। द्रव का क्वथनांक (boiling temperature) $80^{\circ} C$ है। ऐसा पाया गया कि द्रव का पहला $5 gm$ पूर्ण रूप से वाष्पित हो जाता है। इसके बद द्रव की $80 gm$ और मात्रा डालने पर साम्यावस्था का तापमान $50^{\circ} C$ हो जाता है। द्रव की गुप्त (latent) और विशिष्ट (specific) ऊष्माओं का अनुपात . . . . .${ }^{\circ} C$ होगा। [वातावरण के साथ ऊष्मा स्थानान्तरण को उपेक्षणीय माने]
एक वस्तु की ऊष्माधारिता $80 \,cal$ है तब इसका जल तुल्यांक है