एकसमान द्रव्यमान घनत्व की छड़ों से बनायी हुई $L-$आकृति के एक वस्तु को चित्रानुसार, एक डोरी से लटकाया गया है। यदि $AB = BC$ तथा $AB$ द्वारा उर्ध्वाधर निम्न दिशा से बनाया कोण $\theta$ है, तो :
$\tan \,\theta = \frac{1}{{2\sqrt 3 }}$
$\tan \,\theta = \frac{1}{3}$
$\tan \,\theta = \frac{2}{{\sqrt 3 }}$
$\tan \,\theta = \frac{1}{2}$
एक कार का भार $1800\, kg$ है। इसकी अगली और पिछली धुरियों के बीच की दूरी $1.8\, m$ है। इसका गुरुत्व केन्द्र, अगली धुरी से $1.05\, m$ पीछे है। समतल धरती द्वारा इसके प्रत्येक अगले और पिछले पहियों पर लगने वाले बल की गणना कीजिए।
एकसमान धातु की पट्टी, जो कि एक त्रिभुज $ABC$ के आकार में है, का द्रव्यमान $540 \,gm$ है। भुजाओं $AB , BC$, एवं $CA$ की लम्बाई क्रमश: $3 \,cm$, $5 \,cm$ एवं $4 \,cm$ है। यह पह्टी मुक्त रूप से बिंदु $A$ पर धुराग्रस्त (pivotted) है। एक शीर्ष पर क्या द्रव्यमान जोड़ा जाए जिससे कि पट्टी इस तरह लटके कि उसकी लम्बी भुजा पूर्णतः क्षैतिज हो जाए ?
एक व्यक्ति तथा एक लड़का एक एकसमान छड़ को क्षैतिजत: इस प्रकार ले जाते हैं, कि लड़का छड़ के भार का $1/4$ भाग उठा रहा है। यदि लड़का छड़ के एक सिरे पर हो, तब दूसरे सिरे से व्यक्ति की दूरी होगी
चित्रानुसार $R$ त्रिज्या के दो गोलक जिनके द्रव्यमान $m_1$ और $m_2$ है, $L$ लंबाई के दो रस्सियों से लटके हुए हैं $(R < < L)$ । उध्र्व के परिपेक्ष्य में $m_2$ जो $\theta$ कोण बनाती है, उसका मान निम्न होगा
एक $8 \mathrm{~kg}$ द्रव्यमान की एक वस्तु $1 \mathrm{~m}$ लंबी एवं 2 $\mathrm{kg}$ द्रव्यमान वाली किसी एक समान छड़ $\mathrm{CD}$ के एक सिरे से लटक रही है, जो कि अपने दूसरे सिरे $\mathrm{C}$ पर एक ऊर्ध्वाधर दीवार के सहारे धुरी पर चित्र में दर्शाये अनुसार लगी हुई है। इसे एक केबल (तार) $\mathrm{AB}$ से इस तरह सहारा दिया हुआ है कि निकाय साम्यावस्था में है। केबल में तनाव है: (यदि गुरूत्वीय त्वरण $\mathrm{g}=10 \mathrm{~m} / \mathrm{s}^2$ )