$6 .0 \times 10^{14}\, Hz$ आवृत्ति का एकवर्णी प्रकाश किसी लेसर के द्वारा उत्पन्न किया जाता है। उत्सर्जन क्षमता $2.0 \times 10^{-3} \,W$ है। $(a)$ प्रकाश किरण-पुंज में किसी फ़ोटॉन की ऊर्जा कितनी है? $(b)$ स्त्रोत के द्वारा औसत तौर पर प्रति सेकंड कितने फ़ोटॉन उत्सर्जित होते हैं?
$(a)$ Each photon has an energy $E=h v=\left(6.63 \times 10^{-34} J s \right)\left(6.0 \times 10^{14} Hz \right)$
$=3.98 \times 10^{-19} \,J$
$(b)$ If $N$ is the number of photons emitted by the source per second, the power $P$ transmitted in the beam equals $N$ times the energy per photon $E,$ so that $P=N E .$ Then
$N=\frac{P}{E}=\frac{2.0 \times 10^{-3} \,W }{3.98 \times 10^{-19}\, J }$
$=5.0 \times 10^{15}$ photons per second.
एक $100\, W$ सोडियम बल्ब (लैंप) सभी दिशाओं में एकसमान ऊर्जा विकिरित करता है। लैंप को एक ऐसे बड़े गोले के केंद्र पर रखा गया है जो इस पर आपतित सोडियम के संपूर्ण प्रकाश को अवशोषित करता है। सोडियम प्रकाश का तरंगदैर्घ्य $589\, nm$ है। $(a)$ सोडियम प्रकाश से जुड़े प्रति फ़ोटॉन की ऊर्जा कितनी है? $(b)$ गोले को किस दर से फ़ोटॉन प्रदान किए जा रहे हैं?
एक $900\,nm$ तरंगदैर्ध्य एवं $100\,Wm ^{-2}$ तीव्रता वाली एक समानान्तर किरणपुँज, एक सतह पर आपतित होती है, जो कि किरणपुँज के लम्बवत् है। एक सेकेण्ड में किरणपुँज के लम्बवत् $1\,cm ^2$ क्षेत्रफल से गूजरने वाले फोटॉनों की संख्या होगी:
$300 \ nm$ तरंगदैध्र्य का पराबैंगनी प्रकाश जिसकी तीव्रता $1.0\ watt/m^2$ है, एक प्रकाश संवेदी पदार्थ पर आपतित होता है। यदि आपतित फोटॉनों का $1$ प्रतिशत प्रकाश इलेक्ट्रॉन उत्सर्जित करता है तो $1.0 \ cm^2$ क्षेत्रफल से उत्सर्जित प्रकाश इलेक्ट्रॉनों की संख्या लगभग होगी
किसी लेजर द्वारा $6 \times 10^{14} \mathrm{~Hz}$ आवृात्त का एकवणो प्रकाश उत्पन्न किया गया है। उत्सर्जित शक्ति $2 \times 10^{-3} \mathrm{~W}$ है। स्त्रोत द्वारा औसतन उत्सर्जित प्रति सैकण्ड फोटानों की संख्या कितनी होगी
(दिया है : $\mathrm{h}=6.63 \times 10^{-34} \mathrm{JS}$ )