दो भिन्न आवृतियों के प्रकाश जिनके फोटोन की ऊर्जा क्रमशः $3.8\,eV$ तथा $1.4\,eV$ है, इनको एक धात्विक सतह जिसका कार्य फलन $0.6\,eV$ है, पर क्रमागत रूप से गिराया जाता है। दोनों आवृत्तियों के लिये उत्सर्जित इलेक्ट्रॉनों की अधिकतम चाल का अनुपात होगा -

  • [JEE MAIN 2022]
  • A

    $1: 1$

  • B

    $2: 1$

  • C

    $4: 1$

  • D

    $1: 4$

Similar Questions

आइन्सटीन की प्रकाश-विद्युत समीकरण के अनुसार उत्सर्जित फोटो इलेक्ट्रॉन की गतिज ऊर्जा एवं आपतित विकिरण की आवृत्ति के बीच का ग्राफ होगा

  • [AIPMT 2004]

किसी इलेक्ट्रॉन और किसी प्रोटॉन को एक दूसरे से अत्यधिक दूरी द्वारा पथक किया गया है। यह इलेक्ट्रॉन $3\; eV$ ऊर्जा के साथ प्रोटॉन की ओर गमन करना आरम्भ करता है। प्रोटॉन इस इलेक्ट्रॉन का प्रग्रहण कर लेता है और द्वितीय उत्तेजक अवस्था का हाइड्रोजन परमाणु बना लेता है। परिणामी फोटॉन $4000 \;\mathring A$ देहली तरंगदैर्ध्य की किसी प्रकाश सुग्राही धातु पर आपतन करता है। उत्सर्जित फोटोइलेक्ट्रॉन की अधिकतम गतिज ऊर्जा क्या है ? ($eV$ मे)

  • [JEE MAIN 2021]

$4400 \,\mathring A$ तरंगदैध्र्य का फोटॉन निर्वात से गुजरता है। फोटॉन के प्रभावी द्रव्यमान तथा संवेग क्रमश: होंगे

सीजियम $(Cs)$,पोटैशियम $(K)$ तथा सोडियम $(Na)$का कार्यफलन क्रमशः $2.14\,eV,2.30\,eV$ तथा $2.75\,eV$ है। यदि आपतित वैद्युतचुंबकीय विकिरण की ऊर्जा $2.20\,eV$ है, इनमें से कौन सी प्रकाशसुग्राही सतह, प्रकाश इलेक्ट्रॉन उत्सर्जित कर सकता है :

  • [NEET 2023]

एक क्वान्टा की आवृत्ति ${10^{15}}Hz$ है एवं  $h = 6.6 \times {10^{ - 34}}J{\rm{ - }}\sec $ जूल सैकण्ड है, तो ऊर्जा होगी