सीजियम $(Cs)$,पोटैशियम $(K)$ तथा सोडियम $(Na)$का कार्यफलन क्रमशः $2.14\,eV,2.30\,eV$ तथा $2.75\,eV$ है। यदि आपतित वैद्युतचुंबकीय विकिरण की ऊर्जा $2.20\,eV$ है, इनमें से कौन सी प्रकाशसुग्राही सतह, प्रकाश इलेक्ट्रॉन उत्सर्जित कर सकता है :
केवल $Na$
केवल $Cs$
दोनों $Na$ व $K$
केवल $K$
$100eV$ ऊर्जा के फोटॉन की आवृत्ति होगी $(h = 6.6 \times {10^{ - 34}}\,J{\rm{ - }}sec)$
$160 \,W$ का एक प्रकाश स्रोत एक समान रूप से $6200 \,\mathring A$ तरंगदैर्ध्य के प्रकाश को चारों और प्रसारित कर रहा है। $1.8 m$ दूरी पर फोटोन अभिवाह (flux) का मान ............ $m ^{-2} s ^{-1}$ होगा? (प्लांक स्थिरांक का मान $\left.6.63 \times 10^{-34} \,J - s \right)$
$450 nm$ तरंगदैध्र्य वाले फोटॉन की ऊर्जा होगी
प्रकाश वैद्युत सेल एक युक्ति है
$1.7 \times {10^{ - 13}}$ जूल का एक फोटॉन विशेष परिस्थितियों में एक पदार्थ द्वारा अवशोषित कर लिया जाता है सत्य कथन है