$5 \;m$ लम्बाई तथा $40 \;cm ^{2}$ अनुप्रस्थ काट के क्षेत्रफल की एक स्टील की पटरी का लम्बाई के अनुदिश विस्तारण रोका जाता है जबकि उसका तापमान $10^{\circ} C$ बढ़ाया जाता है। यदि स्टील का रेखीय प्रसार गुणांक तथा यंग प्रत्यास्थता गुणांक क्रमश: $1.2 \times 10^{-5} \;K ^{-1}$ तथा $2 \times 10^{11} \;Nm ^{-2}$ हैं तो पटरी में उत्पत्र बल का निकटतम मान होगा
$2\times10^7\, N$
$1\times10^5\, N$
$2\times10^9\, N$
$3\times10^{-5}\, N$
एक बीकर $4°C$ पर पूर्णत: जल से भरा हुआ है। जल ऊपर से होकर बहने लगेगा यदि इसे
$NTP$ पर जल $100°C$ पर उबलता है। गहरी खदान के अन्दर जल किस ताप पर उबलेगा
धातु के बने हुए ठोस असमदैशिक घन के रेखीय प्रसार गुणांक इस प्रकार है : $5 \times 10^{-5} /{ }^{\circ} C \,x$-दिशा में तथा $5 \times 10^{-6} /{ }^{\circ} C$, $y$ तथा $z$-दिशाओं में। यदि इसका आयतन प्रसार गुणांक $C \times 10^{-16} /{ }^{\circ} C$ हो, तो $C$ का मान है।
एक स्टील की स्केल द्वारा, एक ताँबे के तार की लम्बाई $80.0\,cm$ मापी जाती है, दोनों के तापक्रम $20^\circ C$ हैं (जो कि स्केल का अशांकन तापक्रम है)। $40^\circ C$ तापक्रम पर स्केल द्वारा मापी गई तार की लम्बाई होगी $(\alpha$(इस्ताप) $ = 11 \times {10^{ - 6}}$per$°C$ एवं $\alpha$(ताँवा) $ = 17 \times {10^{ - 6}}per\,^\circ C$)
काँच के एक लीटर क्षमता वाले फ्लास्क में कुछ पारा रखा है। यह पाया गया कि भिन्न-भिन्न तापक्रमों पर फ्लास्क में हवा का आयतन नियत रहता है। फ्लास्क में पारे का आयतन ....... $cc$ होगा, यदि काँच का रेखीय प्रसार गुणांक $9 \times 10^-6/°C$ हो एवं पारे का आयतन प्रसार गुणांक $1.8 \times 10^{-4}/ ^\circ C$ हैं