यदि साइनिक अम्ल $(HCNO)$ के $0.1\, M$ विलयन की $pH , 2.34$ हो, तो अम्ल के आयनन स्थिरांक
तथा आयनन की मात्रा ज्ञात कीजिए।
$c=0.1 \,M$
$pH =2.34$
$-\log \left[ H ^{+}\right]= pH$
$-\log \left[ H ^{+}\right]=2.34$
$\left[ H ^{+}\right]=4.5 \times 10^{-3}$
Also.
$\left[ H ^{+}\right]=c \alpha$
$4.5 \times 10^{-3}=0.1 \times \alpha$
$\frac{4.5 \times 10^{-3}}{0.1}=\alpha$
$\alpha=45 \times 10^{-3}=.045$
Then
$K_{a}=c \alpha^{2}$
$=0.1 \times\left(45 \times 10^{-3}\right)^{2}$
$=202.5 \times 10^{-6}$
$=2.02 \times 10^{-4}$
$0.1\,M\,HCN$ विलयन के वियोजन की कोटि $ 0.01\% $ है, तो इसका आयनिक स्थिरांक होगा
$0.1\,\,M$ विलयन में मोनोप्रोटिक अम्ल $0.001\%$ आयनित होता है । इसका आयनन नियतांक है
$0.01\,M$ $HCN$ तथा $0.02\,M$ $NaCN$ का एक विलयन है जिसमें $[{H^ + }]$ का सान्द्रण होगा$\left( {HCN} \right.$ के लिये ${K_a}$ $ = 6.2 \times {10^{ - 10}})$
दुर्बल अम्ल $HA$ का वियोजन स्थिरांक ${10^{ - 9}}$ है, तो इसके $0.1\, M $ विलयन की $\,\,pOH$ होगी
$0.001\, M$ एनीलीन विलयन का $pH$ क्या है? एनीलीन का आयनन स्थिरांक सारणी से ले सकते हैं। इसके संयुग्मी अम्ल का आयनन स्थिरांक ज्ञात कीजिए।
क्षारक | $K _{ b }$ |
डाइमेथिलऐमिन , $\left( CH _{3}\right)_{2} NH$ | $5.4 \times 10^{-4}$ |
ट्राइएथिलऐमिन , $\left( C _{2} H _{5}\right)_{3} N$ | $6.45 \times 10^{-5}$ |
अमोनिया , $NH _{3}$ or $NH _{4} OH$ | $1.77 \times 10^{-5}$ |
क्विनीन , ( $A$ plant product) | $1.10 \times 10^{-6}$ |
पिरीडीन , $C _{5} H _{5} N$ | $1.77 \times 10^{-9}$ |
ऐनिलीन , $C _{6} H _{5} NH _{2}$ | $4.27 \times 10^{-10}$ |
यूरिया , $CO \left( NH _{2}\right)_{2}$ | $1.3 \times 10^{-14}$ |