$0.2\, M\, NH _{4} Cl$ तथा $0.1\, M\, NH _{3}$ के मिश्रण से बने विलयन के $pH$ की गणना कीजिए। $NH _{3}$ विलयन की $pK _{ b }=4.75$ है।
$NH _{3}+ H _{2} O \rightleftharpoons NH _{4}^{+}+ OH ^{-}$
The ionization constant of $NH _{3}$
$K_{ b }=$ antilog $\left(- pK _{ b }\right)$ i.e.
$K_{b}=10^{-4.75}=1.77 \times 10^{-5} \,M$
$NH _{3}+ H _{2} O \rightleftharpoons NH _{4}^{+}+ OH ^{-}$
Initial concentration $(M)$
$0.10$ $0.20$ $0$
Change to reach equilibrium $(M)$
$-x$ $+x$ $+x$
At equilibrium $(M)$
$0.10-x$ $0.20+x$ $x$
$K_{ b }=\left[ NH _{4}^{+}\right]\left[ OH ^{-}\right] /\left[ NH _{3}\right]$
$=(0.20+x)(x) /(0.1-x)=1.77 \times 10^{-5}$
As $K_{ b }$ is small, we can neglect $x$ in comparison to $0.1 \,M$ and $0.2\, M$. Thus,
$\left[ OH ^{-}\right]= x =0.88 \times 10^{-5}$
Therefore, $\left[ H ^{+}\right]=1.12 \times 10^{-9}$
$pH =-\log \left[ H ^{+}\right]=8.95$
जलोय विलयन में कार्बोनिक अम्ल के आयनन स्थिरांक निम्नलिखित हैं
$K_{1}=4.2 \times 10^{-7}$ तथा $K_{2}=4.8 \times 10^{-11}$
संतृप्त $0.034\, M$ कार्बोनिक अम्ल विलयन के लिए दिए गये निम्न कथनों में कौन सत्य है ?
यदि $0.05 \,M$ ऐसीटिक अम्ल के $pK _{ a }$ का मान $4.74$ है, तो आयनन की मात्रा ज्ञात कीजिए। यदि इसे (अ) $0.01\, M$ (ब) $0.1\, M\, HCl$ विलयन में डाला जाए, तो वियोजन की मात्रा किस प्रकार प्रभावित होती है ?
$0.1\,N\,\,C{H_3}COOH$ की वियोजन की कोटि है (वियोजन स्थिरांक $ = 1 \times {10^{ - 5}}$)
$25\,^o C$ पर क्षार $BOH $ का वियोजन स्थिरांक $1.0 \times {10^{ - 12}}$ है क्षार के $0.01 \,M $ जलीय विलयन में हाइड्रॉक्सिल आयनों की सान्द्रता होगी
$0.08\, M$ हाइपोक्लोरस अम्ल $(HOCl)$ के विलयन के $pH$ की गणना कीजिए। अम्ल का आयनन स्थिरांक $2.5 \times 10^{-5}$ है। $HOCl$ की वियोजन-प्रतिशतता ज्ञात कीजिए।