राशियाँ $A$ और $B$ सूत्र $m = A/B$ से सम्बन्धित हैं। यहाँ पर $m = $ रैखिक घनत्व तथा $A$ बल को प्रदर्शित कर रहा है। $B$ की विमायें होंगी
दाब की
कार्य की
गुप्त ऊष्मा की
उपरोक्त में से कोई नहीं
यदि संवेग $[ P ]$, क्षेत्रफल $[ A ]$ एवं समय $[ T ]$ का प्रयोग मूलभूत राशियों की तरह किया जाए, तो श्यानता गुणांक का विमीय सूत्र होगा :
यदि $R$ तथा $L$ क्रमश: प्रतिरोध तथा स्वप्रेरकत्व दर्शाते हों, तो निम्न में से किस संयोजन की विमायें आवृत्ति की विमाओं के बराबर होंगी
एक कण का वेग $v$ (सेमी/सैकण्ड) समय $t$ (सैकण्ड में) के पदों में निम्न सूत्र द्वारा व्यक्त किया गया है $v = at + \frac{b}{{t + c}}$ $a,\,\,b$ व $c$ की विमायें होंगी
पानी में उत्पन्न तरंग की चाल $v=\lambda^a g^b \rho^c$ द्वारा दी गई है, जहाँ $\lambda, g$ एवं $\rho$ क्रमशः तरंग का तरंगदैर्ध्य, गुरुत्वीय त्वरण एवं पानी का घनत्व हैं। $a, b$ एवं $c$ का मान क्रमश: है: